उत्तराखण्ड

Uttarakhand Weather Update: बरसात से अब भी जूझ रहा पहाड़, 187 सड़कें बंद, कई जिलों में अलर्ट

उत्तराखंड में मानसून का कहर अभी थमने का नाम नहीं ले रहा है। पहाड़ से लेकर मैदान तक बारिश का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग ने राज्य के पर्वतीय जिलों के लिए आज (गुरुवार) भी यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, कई स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश की बौछारें पड़ सकती हैं। वहीं, हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर जैसे मैदानी जिलों में भी मौसम का मिजाज बिगड़ने की संभावना जताई गई है।

किन जिलों में होगी बारिश?

मौसम विभाग के मुताबिक, पिथौरागढ़, बागेश्वर, नैनीताल और चंपावत समेत कई पहाड़ी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर बना रहेगा। राजधानी देहरादून में पिछले कुछ दिनों से धूप निकलने के बाद गर्मी का असर बढ़ा है। बुधवार को अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हालांकि, आज दून में भी हल्की फुहारें पड़ सकती हैं जिससे लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

187 सड़कें अब भी बाधित

भारी बारिश और लगातार हो रहे भूस्खलन ने प्रदेश की सड़कों को बुरी तरह प्रभावित किया है। राहत दलों की कड़ी मेहनत के बावजूद अभी भी 187 सड़कें बंद पड़ी हैं

  • चमोली – 31 सड़कें बंद
  • रुद्रप्रयाग – 23 सड़कें
  • पिथौरागढ़ – 22 सड़कें
  • अल्मोड़ा – 23 सड़कें
  • उत्तरकाशी – 22 सड़कें
  • टिहरी – 20 सड़कें
  • पौड़ी – 18 सड़कें
  • देहरादून – 14 सड़कें
  • बागेश्वर – 7 सड़कें
  • नैनीताल – 6 सड़कें
  • हरिद्वार – 1 सड़क

बुधवार तक 288 बंद सड़कों में से 101 को खोल दिया गया था, लेकिन बाकी मार्गों पर अभी भी आवाजाही पूरी तरह ठप है।

आम जनजीवन पर असर

सड़कों के बाधित होने से स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूटा हुआ है। ऐसे में ग्रामीणों को जरूरी सामान लाने-लेजाने में दिक्कत हो रही है। वहीं, पर्वतीय क्षेत्रों में बसे परिवार भूस्खलन की आशंका से हर वक्त खौफ के साए में जी रहे हैं।

प्रशासन की अपील

राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम विभाग द्वारा जारी अलर्ट को गंभीरता से लें। जिला प्रशासन लगातार बंद सड़कों को खोलने में जुटा हुआ है, लेकिन बार-बार हो रहे भूस्खलन से राहत कार्यों की रफ्तार धीमी पड़ रही है।

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