उत्तराखंड में व्यायाम शिक्षकों के पद खत्म करने पर बवाल, 2 सितंबर को CM आवास कूच

देहरादून:- उत्तराखंड के उच्चीकृत विद्यालयों में व्यायाम शिक्षकों के पद समाप्त किए जाने का विरोध तेज हो गया है। शारीरिक शिक्षा प्रशिक्षित बेरोजगार संगठन ने सरकार के इस फैसले के खिलाफ 2 सितंबर को मुख्यमंत्री आवास कूच करने का ऐलान किया है। संगठन ने मांग की है कि उच्चीकृत विद्यालयों में शारीरिक शिक्षा के पदों को तत्काल बहाल किया जाए।
NEP-2020 का हवाला देकर सरकार पर उठाए सवाल
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश चंद्र पांडेय ने सरकार के फैसले पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक ओर प्रदेश में नई शिक्षा नीति NEP-2020 को लागू करने की बात की जा रही है, जिसमें प्राथमिक से इंटरमीडिएट स्तर तक शारीरिक शिक्षा को महत्वपूर्ण और अनिवार्य विषय के रूप में बताया गया है। वहीं दूसरी ओर, हाल ही में उच्चीकृत किए गए विद्यालयों में शारीरिक शिक्षा के शिक्षकों के पद समाप्त कर दिए गए हैं। उन्होंने इसे सरकार का विरोधाभासी रुख बताते हुए कहा कि यह फैसला बच्चों के भविष्य और शारीरिक विकास के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
बच्चों के स्वास्थ्य और खेल गतिविधियों पर असर की आशंका
जगदीश चंद्र पांडेय ने कहा कि स्कूली उम्र में बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए खेलकूद और शारीरिक शिक्षा बेहद जरूरी है। ऐसे समय में व्यायाम शिक्षक के पद समाप्त करना चिंता का विषय है। संगठन का कहना है कि इससे बच्चों में खेल, अनुशासन और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने वाली गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं। साथ ही प्रदेश के हजारों प्रशिक्षित शारीरिक शिक्षा बेरोजगारों के रोजगार अवसरों पर भी असर पड़ेगा।
पद बहाल नहीं हुए तो होगा उग्र आंदोलन
शारीरिक शिक्षा प्रशिक्षित बेरोजगार संगठन ने सरकार से मांग की है कि उच्चीकृत विद्यालयों में शारीरिक शिक्षा के पद तत्काल बहाल किए जाएं और प्रत्येक विद्यालय में व्यायाम शिक्षक की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। संगठन ने चेतावनी दी है कि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इसी क्रम में 2 सितंबर को परेड ग्राउंड से मुख्यमंत्री आवास तक महारैली निकालने की घोषणा की गई है।
पहले भी कर चुके हैं आंदोलन
गौरतलब है कि शारीरिक शिक्षा प्रशिक्षित बेरोजगार अपनी मांगों को लेकर लंबे समय तक शिक्षा निदेशालय में अनिश्चितकालीन धरने पर भी बैठे थे। इससे पहले संगठन अपनी तीन सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री आवास कूच का प्रयास कर चुका है। उस दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को सुभाष रोड पर पुलिस मुख्यालय से पहले बैरिकेडिंग लगाकर रोक दिया था। अब संगठन ने एक बार फिर बड़े आंदोलन का ऐलान किया है।




