उत्तराखंड के गदरपुर से भाजपा विधायक और पूर्व कैबिनेट मंत्री अरविंद पांडे ने खुद पर लगे जमीन कब्जे के आरोपों पर अब तक का सबसे बड़ा और आक्रामक बयान दिया है। देहरादून में मीडिया से रूबरू होते हुए पांडे ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि उन पर लगे भू-माफिया होने के आरोप रत्ती भर भी सच साबित होते हैं, तो वे सार्वजनिक जीवन से हमेशा के लिए संन्यास ले लेंगे।
“चुनाव तो दूर, जनता के बीच भी नहीं आऊँगा”
विधायक अरविंद पांडे ने भावुक और कड़े लहजे में कहा, “मुझ पर जो आरोप लगाए जा रहे हैं, यदि वे सिद्ध हो जाते हैं तो मैं उत्तराखंड की जनता के सामने कभी अपना मुँह नहीं दिखाऊँगा। चुनाव लड़ना तो बहुत दूर की बात है, मैं खुद को सार्वजनिक जीवन से पूरी तरह काट लूँगा।” उन्होंने स्पष्ट किया कि वे इन आरोपों को लेकर जनता की अदालत में जाएंगे और अपनी बात रखेंगे।
संघर्षों का दिया हवाला
अपने राजनीतिक करियर का बचाव करते हुए अरविंद पांडे ने कहा कि वे संघर्षों से तपकर निकले हैं। उन्होंने याद दिलाया कि उत्तराखंड राज्य आंदोलन के दौरान उन पर सबसे अधिक मुकदमे दर्ज किए गए थे, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उन्होंने कहा कि वे पार्टी और देवभूमि की जनता के हर फैसले को स्वीकार करने के लिए तैयार हैं, बशर्ते आरोप कानूनी रूप से साबित हों।