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अरुणाचल प्रदेश में सेना का चीता हेलिकॉप्टर क्रैश, सर्च ऑपरेशन जारी

अरुणाचल प्रदेश:-  आज अरुणाचल प्रदेश में इंडियन आर्मी के चीता हेलिकॉप्टर क्रैश हो गया। सूत्रों के मुताबिक, हेलिकॉप्टर मंडला हिल्स इलाके में क्रैश हुआ है। इसमें लेफ्टिनेंट कर्नल और मेजर रैंक के अधिकारी सवार थे। तलाश के लिए ऑपरेशन चलाया जा रहा है। आर्मी ने बताया कि हेलिकॉप्टर ने बोम्डियाल से उड़ान भरी थी। सुबह 9:15 बजे हेलिकॉप्टर का संपर्क एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से टूट गया था। इसके बाद से हेलिकॉप्टर की कोई जानकारी नहीं मिली है।

जानकारी के अनुसार मुताबिक डिफेंस गुवाहाटी के PRO, लेफ्टिनेंट कर्नल महेंद्र रावत ने बताया कि अरुणाचल प्रदेश के बोमडिला के पास सेना ऑपरेशन सॉर्टी चला रही थी। इस दौरान सुबह 9:15 बजे आर्मी एविएशन चीता हेलिकॉप्टर का एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से संपर्क टूट गया। सर्च पार्टियों को मौके पर भेज दिया गया है।

इससे पहले 21 अक्टूबर 2022 को अरुणाचल प्रदेश के सियांग जिले में मिलिट्री हेलिकॉप्टर ‘रुद्र’ क्रैश हो गया था। हादसा टूटिंग हेडक्वार्टर से 25 किलोमीटर दूर सिंगिंग गांव के पास हुआ था। हादसे में पांच की मौत हुई थी। रुद्र सेना का अटैक हेलिकॉप्टर है। इसे हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड ( HAL) ने भारतीय सेना के लिए बनाया है। यह हल्के ध्रुव हेलिकाप्टर का वेपन सिस्टम इंटीग्रेटेड (WSI) Mk-IV संस्करण है। पिछले साल ही 5 अक्टूबर को अरुणाचल प्रदेश के तवांग इलाके में आर्मी का एक चीता हेलिकॉप्टर क्रैश हो गया था। हादसा सुबह करीब 10 बजे हुआ था। हेलिकॉप्टर में दो पायलट सवार थे। हादसे के बाद दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनमें से लेफ्टिनेंट कर्नल सौरभ यादव ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था।

12 अक्टूबर को भारतीय नौसेना का मिग 29के लड़ाकू विमान क्रैश हो गया था। नौसेना ने इसकी जानकारी दी थी कि विमान के पायलट सुरक्षित थे और हादसा तकनीकी खराबी की वजह से हुआ था। नौसेना की तरफ से जारी बयान में बताया गया था कि गोवा से समुद्र के ऊपर नियमित उड़ान भर रहे MiG 29K में वापसी के दौरान तकनीकी खराबी आ गई। पिछले साल फरवरी में भी सेना का हेलिकॉप्टर क्रैश हुआ था,  इससे पहले फरवरी में तेलंगाना के नलगोंडा जिले में सेना का एक हेलिकॉप्टर क्रैश हो गया था। उस हादसे में दो पायलट शहीद हो गए थे। वहीं चीता और चेतक जैसे हल्के हेलीकॉप्टर, जिसे भारतीय सेना के जवान इस्तेमाल करते हैं, जो काफी पुराने हो चुके है। इनके स्थान पर दूसरे हाईटेक हेलीकॉप्टर को लाने की मांग लंबे समय से की जा रही है।  जनरल बिपिन रावत का हेलिकॉप्टर क्रैश में निधन हो गया था। वे देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ, यानी CDS थे। तमिलनाडु के कुन्नूर में करीब 12 बजकर 20 मिनट पर उनका हेलिकॉप्टर क्रैश हो गया था। उसमें जनरल रावत की पत्नी मधुलिका रावत समेत सेना के 14 लोग सवार थे। इस हादसे में 13 लोगों की मौत हुई थी।

 

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