देहरादून/उत्तराखंड: देवभूमि की राजनीति में आज एक बड़ा ‘सियासी भूकंप’ आया है। कांग्रेस की रीति-नीति से त्रस्त होकर और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विकास कार्यों से प्रभावित होकर प्रदेश भर के सैकड़ों कद्दावर नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस को अलविदा कह दिया है। देहरादून, ऋषिकेश, पौड़ी और रुड़की में कांग्रेस के मजबूत किले ढहते नजर आए।
कुनबे का विस्तार: कांग्रेस के दिग्गजों की भाजपा में ‘घर वापसी’
राजधानी देहरादून से लेकर पहाड़ों तक, भाजपा की सदस्यता ग्रहण करने वालों का तांता लगा रहा:
- देहरादून: पार्षद पूनम पुंडीर, देवकी नौटियाल, डॉ. संजय सिंह और सौरभ चौधरी समेत कई बौद्धिक व जमीन से जुड़े नेताओं ने कमल थामा।
- पौड़ी: ब्लॉक प्रमुख अस्मिता नेगी के नेतृत्व में पूरी ब्लॉक पंचायत (उप प्रमुखों और सदस्यों सहित) भाजपा में शामिल हो गई।
- ऋषिकेश व रुड़की: पार्षदों और पूर्व मंडल अध्यक्षों ने कांग्रेस के दावों को नकारते हुए भाजपा की सदस्यता ली।
“स्पष्ट नीति और विकास का संकल्प”: अस्मिता नेगी
भाजपा में शामिल होने के बाद पौड़ी की ब्लॉक प्रमुख अस्मिता नेगी ने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा, “आज देश और प्रदेश मोदी-धामी की जोड़ी के नेतृत्व में नई ऊंचाइयों को छू रहा है। भाजपा में जनसेवा का वास्तविक अवसर और विकास की स्पष्ट कार्ययोजना है। कांग्रेस अब केवल भ्रम फैलाने वाली पार्टी रह गई है, जिससे कार्यकर्ताओं का विश्वास उठ चुका है।” > “जहाँ नीति साफ और नियत नेक होती है, वहां जनविश्वास का कारवां खुद-ब-खुद बढ़ता जाता है।”
कांग्रेस के ‘मौन’ पर भाजपा का प्रहार
भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने कांग्रेस की स्थिति पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस नेतृत्व संगठन के भीतर बढ़ते असंतोष पर पूरी तरह मौन है। उन्होंने कहा, “सच तो यह है कि कांग्रेस के झूठे आरोपों पर उनके खुद के कार्यकर्ताओं को भरोसा नहीं रहा। जनता भ्रम में फंसने वाली नहीं है, उसे केवल विकास और भाजपा पर भरोसा है।”