पिथौरागढ़/बेरीनाग: उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग अब एक जन-आंदोलन का रूप ले चुकी है। पिथौरागढ़ के बेरीनाग में देर शाम कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय जनता ने ‘कैंडल मार्च’ निकालकर सरकार के खिलाफ बिगुल फूंक दिया। हाथों में मशालें और आंखों में न्याय की उम्मीद लिए सैकड़ों लोगों ने सड़कों पर उतरकर “वीआईपी का नाम उजागर करो” और “सीबीआई जांच कराओ” के नारे बुलंद किए।
बेरीनाग की सड़कों पर उमड़ा जन-सैलाब
पूर्व दर्जा राज्यमंत्री खजान गुड्डू और नगरपालिका अध्यक्ष हेमा पंत के नेतृत्व में यह मार्च नया बाजार से शुरू होकर शहीद चौक पर समाप्त हुआ। इस प्रदर्शन की खास बात यह रही कि इसमें केवल राजनीतिक कार्यकर्ता ही नहीं, बल्कि भारी संख्या में महिलाएं, युवा और सामाजिक संगठन भी शामिल हुए।
“अंकिता के माता-पिता की आंखों के आंसू सूख चुके हैं, लेकिन सरकार अब भी वीआईपी को बचाने में लगी है। जब तक मामले की सीबीआई जांच नहीं होती, यह आंदोलन गांव-गांव तक पहुंचेगा।” — खजान गुड्डू, पूर्व दर्जा राज्यमंत्री